• लोकसभा के मुद्दे को लेकर राज्यसभा में हंगामा, विपक्ष ने किया सदन से वॉकआउट

    गुरुवार ( 5 फरवरी) को राज्यसभा में उस वक्त भारी हंगामा देखने को मिला, जब विपक्षी दलों ने  लोकसभा के मामले को लेकर सवाल उठाया. विपक्ष का कहना था कि लोकसभा में नेता विपक्ष को बोलने से रोका गया और इसी के विरोध में राज्यसभा में अपनी बात रखी है. समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की  विशेष रिपोर्ट :-

    नई दिल्ली, 6 फरवरी 2026. हालांकि, सत्ता पक्ष ने इस पर एतराज जताया और कहा कि लोकसभा की कार्यवाही को राज्यसभा में उठाना नियमों के विरुद्ध है, क्योंकि संसद के दोनों सदन स्वतंत्र रूप से काम करते हैं. इसका जवाब देते हुए नेता प्रतिपक्ष राज्यसभा मल्लिकार्जुन खड़गे ने  कहा कि  देश के लोकतांत्रिक सिद्धांत से ही पार्लियामेंट चलते हैं और पार्लियामेंट का अर्थ सिर्फ एक सदन नहीं होता, बल्कि दोनों सदन हैं. मल्लिकार्जुन खड़गे ने संविधान का हवाला दिया और कहा, दोनों सदनों की बराबरी का अहमियत है.

    हालांकि संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने जवाब देते हुए कहा कि विपक्ष के लोग जानबूझकर पीएम के भाषण को  बाधित करने की रणनीति बनाई है. रिजिजू ने पूछा कि यह कौन- सी राजनीति है कि यह अचानक ही मुद्दा आज ही क्यों उठाया जा रहा है. उन्होंने कहा कि विपक्ष की यह  सोची - समझी तकनीक है, जिससे सदन की कार्यवाही को ठप किया जा सके. जबकि मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि अगर लोकसभा में विपक्ष के नेता को बोलने से रोका जा रहा है, तो यह व्यक्तिगत एक नेता को नहीं, बल्कि पूरे विपक्ष को  चुप कराने की कोशिश है. खड़गे ने कहा कि विपक्ष के नेता आज देश और अंतरराष्ट्रीय  हालात जैसे गंभीर विषयों पर बोलना चाहते थे, लेकिन उन्हें बोलने से रोका गया.

    दरअसल, लोकसभा के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष फिर से आमने-सामने आ गए हैं. विपक्षी सांसदों का कहना था कि सांसद लोकतंत्र का सबसे बड़ा मंच है और अगर वहां विपक्ष की आवाज दबाई जाती है तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है. वहीं, विपक्ष के अन्य सांसदों ने कहा कि वे इस बात का विरोध कर रहे हैं कि सदन में नेता प्रतिपक्ष को देश और मौजूदा हालात पर बोलने से रोका गया. इसी बात को लेकर सदन में शोर - शराबा तेज हो गया और विपक्ष ने सदन से वॉकआउट कर दिया.

    खड़गे और राहुल की संसद परिसर में बड़ी मीटिंग, सरकार और विपक्ष के बीच टकराव भी 

    ताजा खबरों के मुताबिक, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने संसद परिसर में  इंडिया गठबंधन के फ्लोर लीडर्स के साथ एक बड़ी मीटिंग की है. यह मीटिंग खड़गे के ऑफिस में आयोजित की गई. सूत्र बताते हैं कि संसद के चालू बजट सत्र के लिए  विपक्षी दलों की रणनीति बनाना था, विशेष कर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को संसद में बोलने से रोके जाने के बाद पैदा हुए गतिरोध पर चर्चा की गई. मीटिंग में विपक्ष ने इस बात पर  जोर दिया कि राहुल गांधी को लोकसभा में अपनी बात पूरी तरह से रखना नहीं दिया जा रहा है. विपक्षी नेताओं ने संसद में इंडिया- यूएस ट्रेड डील और सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील  मुद्दों पर चर्चा करने की मांग को लेकर एकजूटता दिखाई.

    नड्डा के साथ टकराव की स्थिति 

    इस बैठक से पहले मल्लिकार्जुन खड़गे ने राज्यसभा में राहुल गांधी के भाषण पर बीजेपी के जेपी नड्डा के साथ हुई तीखी  बहस का मुद्दा भी उठाया, इसके बाद विपक्ष ने सरकार के विरुद्ध कड़ा रुख अपनाया. हालांकि यह मीटिंग, ऐसे समय में हुई है जब संसद में सरकार और विपक्ष के बीच तनाव और टकराव  काफी बढ़ गया है, जिससे सदन की कार्यवाही  में बारंबार व्यवधान आ रहा है.