अम्बिकापुर रेप कांड के आरोपी चिरमिरी से गिरफ्तार, दुष्कर्म के बाद महिला के प्राइवेट पार्ट में बोतल डाल दिया था
'अंबिकापुर निर्भया कांड' के आरोपी को 8वें दिन पुलिस ने चिरमिरी से गिरफ्तार किया है। इस जघन्य रेप एवं हत्या के मामले में पुलिस ने 35 हजार का ईनाम घोषित किया था। महामाया प्रवेश द्वार के पास महिला से दुष्कर्म और हत्या के आरोपी की गिरफ्तारी की सूचना पर अंबिकापुर पुलिस चिरमिरी के लिए रवाना हो गई है। आखिरी बार उसे रेलवे स्टेशन के पास देखा गया था।
अम्बिकापुर, 10 अप्रैल 2026। अम्बिकापुर के रिंग रोड से लगे एक मटन शॉप में 2-3 अप्रैल की रात महिला से दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या कर दी गई थी। महिला के प्राइवेट पार्ट में प्लास्टिक की बोतल मिली थी। उसकी 12 पसलियां टूटी हुई थीं और फेफड़े व दिल को गंभीर नुकसान पहुंचा था।सिर पर भी गहरे चोट के निशान पाए गए थे। घटना के बाद आरोपी की पहचान कर ली गई थी, लेकिन वह फरार हो गया था।
आठवें दिन चिरमिरी से पकड़ा गया आरोपी
महिला से रेप के बाद हत्या के आरोपी की पहचान पांडा उर्फ मिथुन के रूप में हुई है। आरोपी पहले भी महिला के साथ घूमता था और उसके घर आता-जाता था। दोनों साथ में कबाड़ बीनने का काम करते थे। गिरफ्तार आरोपी मूल रूप से प्रतापपुर का रहने वाला है। वह पिछले करीब 7 साल से अंबिकापुर में रह रहा था। हत्या करने के बाद उसने महिलाओं से तंबाकू मांगी और खाई। इसके बाद उसकी CCTV फुटेज अंबिकापुर रेलवे स्टेशन के पास मिली थी।
पुलिस ने रखा था 35 हजार का इनाम
सरगुजा आईजी ने आरोपी की गिरफ्तारी पर 30 हजार और सरगुजा एसएसपी ने 5 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। आरोपी को सिलफिली के पास देखे जाने की सूचना मिलने पर ड्रोन कैमरों से भी तलाशी ली जा रही थी।
पुलिस ने पूरे संभाग के सभी थानों में आरोपी का फोटो और स्केच भेजा था। सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने गिरफ्तारी के लिए चार विशेष टीमें गठित की थीं। शुक्रवार को आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस को बड़ी सफलता मिली। एमसीबी पुलिस ने आरोपी को चिरमिरी से गिरफ्तार कर लिया। इसकी सूचना मिलते ही सरगुजा पुलिस चिरमिरी के लिए रवाना हो गई। सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है। बताया गया है कि आरोपी को आज अंबिकापुर लाया जाएगा।
वहीं कांग्रेस इस जघन्य अपराध के विरोध में अम्बिकापुर में कैंडल मार्च किया था। पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने इसे छत्तीसगढ़ का निर्भया कांड कहा था।