बंगाल ने शुरुआती घंटों में ही सुनाया बड़ा फैसला, तमिलनाडु से अधिक मतदान
तमिलनाडु की 234 सीटों के लिए एक ही चरण में गुरुवार को ही मतदान हो रहा है. वहीं पश्चिम बंगाल में 294 सीटों पर दो चरणों में मतदान के पहले चरण में आज 152 सीटों पर वोटिंग जारी है. समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की खास रिपोर्ट:-
कोलकाता/ चेन्नई, 23 अप्रैल 2026. पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में विधानसभा चुनावों के लिए आज गुरुवार को सुबह 7 बजे से मतदान जारी है. पोलिंग बूथों पर लंबी -- लंबी कतारें लगी हुई है. जहां बंगाल में ममता बनर्जी की साख दांव पर लगी हुई है, वहीं तमिलनाडु में एमके स्टालिन के नेतृत्व में डीएमके अपनी सरकार बचाने के लिए कोशिशों में जुटी हुई है.
इस बीच चुनाव आयोग ने दोपहर 1 बजे तक का जो वोटिंग आंकड़ा जारी किया है, उसके मुताबिक, बंगाल में जहां दोपहर 1 बजे तक 62.18 फ़ीसदी वोटिंग हुई है, वहीं दक्षिणी राज्य तमिलनाडु में यह आंकड़ा 56.81 फीसदी तक पहुंचा है. बंगाल में सबसे अधिक वोटिंग पश्चिम मेदिनीपुर जिले में हुई है. 1 बजे तक 65 फीसदी वोटर्स अपने मत का इस्तेमाल कर चुके हैं.
बंगाल के किन-किन जिलों में वोटिंग? पश्चिम बंगाल के पहले चरण में राज्य के 16 जिलों की 152 सीटों पर मतदान जारी है, जिसमें उत्तर बंगाल के कूचबिहार, अलीपुरद्वार, जलपाईगुड़ी, दार्जिलिंग, कालिमपोंग, उत्तर दिनाजपुर, दक्षिण दिनाजपुर और मालदा इलाके की सीटें हैं. इसी तरह जंगल महल, और दक्षिण बंगाल की पुरुलिया, बांकुरा, झाड़ग्राम, पश्चिम मेदिनीपुर, पूर्व मेदिनीपुर, वीरभूम और मुर्शिदाबाद की सीटों पर भी वोटिंग जारी है.
बंगाल के नतीजे तय करेगा एसआईआर, चुनाव में दूसरे सारे मुद्दों पर हावी
एसआईआर में 91 लाख लोगों के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं. नाम कटने के अलावा लोगों को हुई परेशानियों से इस बार एसआईआर ही सबसे बड़ा मुद्दा बन गया है. बीजेपी ने ममता सरकार पर भ्रष्टाचार के जो आरोप लगाए, वे भी एसआईआर के सामने छोटा पड़ गए हैं. एसआईआर को बीजेपी घुसपैठियों का इलाज बता रही है.
टीएमसी का गीत से हमला
ममता ने बीजेपी के मंसूबों पर पानी फेरने के लिए एसआईआर को हथियार बना लिया है. वह लगातार कह रही हैं कि चुनाव आयोग की यह पूरी प्रक्रिया बीजेपी के षड्यंत्र का हिस्सा है और पार्टी के निशाने पर बंगाली अस्मिता है. चुनाव के लिए टीएमसी के गीत 'जोतोई कोरो हमला, आबार जीतबे बांग्ला' ममता यह संदेश दे रही है.
वोट का अंतर
टीएमसी और बीजेपी के बीच 10% वोट का बड़ा अंतर है. इसे पाटने के लिए बीजेपी को करीब 5% स्विंग चाहिए. हालांकि, 80 हजार बूथों पर टीएमसी का मजबूत संगठन बीजेपी पर भारी पड़ रहा है. इस बार बीजेपी की उम्मीद ध्रुवीकरण और उन सीटों पर टिकी है, जहां जीत का अंतर एसआईआर में कटे वोटो से कम था. हालांकि, एसआईआर दोनों के लिए चुनौती है.
विदेश से तमिल वोट देने तमिलनाडु पहुंच रहे हैं
तमिलनाडु चुनाव को लेकर विदेश में रहने वाले तमिल लोगों में उत्साह तमिलनाडु में विदेश से आने वाले लोगों की संख्या में तेजी देखी जा रही है. बड़ी संख्या में विदेश में रहने वाले तमिल लोग अपना वोट डालने के लिए वापस लौट रहे हैं. चेन्नई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पिछले कुछ दिनों में यात्रियों की आवाजाही में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है. खाड़ी देशों, दक्षिण-पूर्व एशिया, यूरोप और अमेरिका जैसे इलाकों से बड़ी संख्या में एनआरआई और विदेश में रहने वाले लोग यहां पहुंच रहे हैं. विदेशों में मौजूद तमिल संगठनों ने पाया है कि विदेश में रहने वाले लोगों में चुनावी प्रक्रिया में हिस्सा लेने को लेकर काफी उत्साह है