• CGPSC Scam: पूर्व IAS के घर CBI की रेड

    भिलाई, 3 जून 2026। सीजीपीएससी भर्ती घोटाला मामले में सीबीआई ने अपनी कार्यवाही तेज कर दी है। मिली जानकारी के अनुसार बुधवार के तड़के 2:00 बजे सीबीआई ने रिटायर्ड आईएएस जेके ध्रुव के भिलाई स्थित घर सहित 3 जगहों पर छापा मारा गया है। 6 गाड़ियों में सवार अफसरों की टीम पहुंची है। जहां दस्तावेजों की जांच जारी है। 

    समझें पूरा मामला

    इन अधिकारियों पर अपने रिश्तेदारों और रसूखदारों के करीबियों को लाभ पहुंचाने के लिए पेपर लीक करने और चयन प्रक्रिया में धांधली करने का आरोप है। मामले की सीबीआई जांच भी चल रही है। सीबीआई ने दलील दी कि, 2020 से 2022 के बीच आयोजित राज्य सेवा परीक्षा में बड़े स्तर पर अनियमितताएं की गईं। आरोप है कि तत्कालीन अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए रिश्तेदारों और करीबी लोगों को अनुचित लाभ पहुंचाया। इस षड्यंत्र में सीजीपीएससी के तत्कालीन सचिव जेके ध्रुव शामिल थे। 2021 के जिस पीएससी भर्ती परीक्षा की सीबीआई जांच चल रही है उसमें पूर्व आईएएस जेके ध्रुव के बेटे सुमित ध्रुव का भी चयन डिप्टी कलेक्टर के रूप में हुआ था।

    जांच में सामने आया कि एक निजी कंपनी से सीएसआर मद के तहत 45 लाख रुपए एक एनजीओ को दिए गए। जिसकी अध्यक्ष सोनवानी की पत्नी थीं। इसके बदले प्रश्नपत्र लीक किए गए।

    प्रश्न पत्र लीक करने में रही प्रमुख भूमिका

    सीबीआई का यह भी आरोप है कि, परीक्षा नियंत्रक आरती वासनिक और डिप्टी परीक्षा नियंत्रक ललित गनवीर ने अध्यक्ष के निर्देश पर उद्योगपति श्रवण गोयल को प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए। जिन्होंने आगे यह प्रश्नपत्र अपने बेटे और बहू को दिए। दोनों का चयन डिप्टी कलेक्टर पद पर हुआ। वहीं, सोनवानी के भतीजों का चयन डिप्टी कलेक्टर और डिप्टी एसपी पद पर हुआ था। मिली जानकारी के अनुसार सीजीपीएससी के पूर्व सचिव जेके ध्रुव के आवास पर सीबीआई फिलहाल छानबीन कर रही है। एजेंसी की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।