"नर सेवा ही नारायण सेवा" को सार्थक करता सोठी का कुष्ठ निवारक संघ आश्रम
जांजगीर, 2 जुलाई 2026। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय गुरुवार को अपने जांजगीर-चांपा प्रवास के दौरान सोठी (कात्रेनगर) स्थित भारतीय कुष्ठ निवारक संघ आश्रम पहुँचे। आश्रम आगमन पर संस्था के पदाधिकारियों एवं आश्रमवासियों ने उनका आत्मीय स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने आश्रम प्रमुख सुधीर देव से संस्था की सेवा गतिविधियों, चिकित्सा सुविधाओं तथा पुनर्वास कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की और छह दशकों से अधिक समय से संचालित सेवा कार्यों की सराहना की।
मुख्यमंत्री ने आश्रम के लिए उपलब्ध कराई गई एम्बुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया तथा गौशाला में गौमाता की पूजा कर उन्हें हरी घास खिलाई। मुख्यमंत्री ने आश्रमवासियों को उपहार भी भेंट किए। मुख्यमंत्री ने कहा कि "नर सेवा ही नारायण सेवा" भारतीय संस्कृति का मूल दर्शन है और यह आश्रम इस विचार को व्यवहार में साकार कर रहा है। उन्होंने कहा कि कुष्ठ रोग केवल शारीरिक पीड़ा नहीं, बल्कि सामाजिक उपेक्षा और भेदभाव का भी कारण रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह जानकर प्रसन्नता हुई कि संस्था रोगियों को निःशुल्क उपचार, गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ, आवास, भोजन, वस्त्र तथा पुनर्वास जैसी सभी आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध करा रही है। स्वरोजगार एवं कौशल विकास के माध्यम से उन्हें आत्मनिर्भर बनाने का कार्य वास्तव में अनुकरणीय है। किसी व्यक्ति को आत्मसम्मान के साथ अपने पैरों पर खड़ा करना समाज की सबसे बड़ी सेवा है।
छह दशक से सेवा, सम्मान और पुनर्वास का केंद्र
गौरतलब है कि भारतीय संस्कृति में "नर सेवा ही नारायण सेवा" को सर्वोच्च धर्म माना गया है। इसी सेवा-दर्शन को साकार करते हुए जांजगीर-चांपा जिले के सोठी (कात्रेनगर) स्थित भारतीय कुष्ठ निवारक संघ आश्रम पिछले छह दशकों से कुष्ठ रोग से प्रभावित लोगों को उपचार के साथ सम्मान, स्वाभिमान और आत्मनिर्भर जीवन का आधार प्रदान कर रहा है। 5 अप्रैल 1962 को समाजसेवी एवं स्वयं कुष्ठ रोग से प्रभावित स्वर्गीय सदाशिव गोविंद कात्रे द्वारा स्थापित इस संस्था का उद्देश्य रोगियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उन्हें सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है।
संस्थान में 20 बिस्तरों के चिकित्सालय के माध्यम से कुष्ठ रोगियों सहित अन्य जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क उपचार, दवाइयाँ, ड्रेसिंग, भोजन, वस्त्र, आवास तथा आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाती हैं। यहाँ आधुनिक पैथोलॉजी लैब, एक्स-रे सहित अन्य चिकित्सकीय सुविधाएँ उपलब्ध हैं तथा आवश्यकता पड़ने पर मरीजों को उच्च चिकित्सा संस्थानों में रेफर भी किया जाता है। वर्तमान में संस्थान में 75 महिला एवं पुरुष रोगी निवासरत हैं तथा लगभग 120 कार्यकर्ता सेवा कार्यों में निरंतर जुटे हुए हैं।
मुख्यमंत्री ने गुरु घासीदास चिकित्सालय का किया निरीक्षण
मुख्यमंत्री साय ने आश्रम परिसर स्थित संत गुरु घासीदास चिकित्सालय का भी निरीक्षण किया। उन्होंने ओपीडी, पैथोलॉजी लैब, बिलिंग कक्ष, एक्स-रे कक्ष, आईसीयू तथा ऑपरेशन थिएटर सहित विभिन्न इकाइयों का अवलोकन कर उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने धनवंतरी जनकल्याण समिति सोसायटी, रायपुर द्वारा संचालित कैंसर स्क्रीनिंग इनिशिएटिव वाहन का भी निरीक्षण किया।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष किरण सिंह देव, सांसद कमलेश देवी जांगड़े, अध्यक्ष खनिज विकास निगम सौरभ सिंह, अंबेश जांगड़े, पूर्व विधायक चुन्नीलाल साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष सत्यलता आनंद मिरी, पूर्व सांसद कमला देवी पाटले, पूर्व विधायक निर्मल सिन्हा, पूर्व विधायक खिलावन साहू, अध्यक्ष हथकरघा बोर्ड भोजराम देवांगन, अन्य जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी, आश्रम के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।