• तमिलनाडु में दर्दनाक हादसा, सीफूड फैक्ट्री में अमोनिया गैस लीक, 7 की गई जान 65 की हालत गंभीर

    तमिलनाडु के तिरुवल्लूर में एक सीफूड फैक्ट्री में अमोनिया गैस लीक होने से बड़ा हादसा हो गया. जिसमें 7 महिलाओं की जान चली गई और 65 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल होकर  अस्पताल में भर्ती हैं. समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की हृदयविदारक रिपोर्ट:-

    चेन्नई/ तिरूवल्लूर, 21 जून 2026. तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है. यहां के पेरियापालयम समीप कन्निगापेर स्थित "सेंट पीटर्स  पॉल सीफूड प्रोसेसिंग एंड एक्सपोर्ट कंपनी" में अचानक अमोनिया गैस का रिसाव हो गया. जिससे 7 महिलाओं की मौत हो गई एवं 65 से अधिक लोगों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है. सूत्र बताते हैं कि घायलों में 40 की हालत नाजुक बनी हुई है. हालांकि, राहत और बचाव कार्य तुरंत शुरू किया गया.

    इस हादसे की पुलिस और प्रशासन जांच कर रहे हैं. इस बीच राज्य के मुख्यमंत्री थलपती विजय ने घटना पर दुख जताते हुए सभी मृतक परिवारों को  2--2 लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया है और सभी घायलों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं. मुख्यमंत्री ने इस हादसे की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया है और उनसे 24 घंटे के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है. जांच में पता लगाया जाएगा कि हादसा आखिर कैसे हुआ और क्या फैक्ट्री में सुरक्षा नियमों का पालन किया जा रहा था अथवा नहीं. इस बीच पुलिस ने  मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

    डीआईजी पहुंचे अस्पताल 

    फैक्ट्री में अमोनिया गैस लीक होने के बाद, तिरुवल्लूर जिले के इंचार्ज मंत्री कुमार और कांचीपुरम रेंज के डीआईजी शशांक साईं अस्पताल पहुंचे और प्रभावित लोगों के साथ-साथ  उपचार के लिए भर्ती लोगों से हाल-चाल पूछा. इस मौके पर जिला कलेक्टर कविता और पुलिस अधीक्षक साई प्रणीत भी मौजूद थे.

    तमिलनाडु सरकार ने घटना की जांच के आदेश दिए
    पुलिस और अधिकारियों के मुताबिक, हादसे के समय फैक्ट्री में करीब 120 मजदूर काम कर रहे थे. इनमें असम, ओड़िशा और झारखंड से आई कई महिला मजदूर भी शामिल थी. शुरुआती जांच में मालूम पड़ा है कि गैस का रिसाव फैक्ट्री के रेफ्रिजरेशन या प्रोसेसिंग सिस्टम से हुआ, जो तेजी से परिसर के कुछ हिस्सों में फैल गया और गैस के संपर्क में आने के बाद मजदूरों को सांस लेने में दिक्कतें आई व चक्कर आने लगा एवं आंखों में जलन जैसी समस्याएं उत्पन्न हो गई.

    प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कुछ लोगों के मुंह और नाक से रक्त बहने की भी खबर है. हालात बिगड़ते ही फैक्ट्री में अफरा-- तफरी मच गई और मजदूर जान बचाने के लिए बाहर भागने लगे. वहीं, कई लोग गैस के असर से बेहोश होकर नीचे गिर पड़े. खबर मिलते ही पुलिस, दमकल और बचाव दल मौके पर पहुंचे और प्रभावित लोगों को समीप के निजी अस्पतालों में एडमिट कराया एवं गंभीर मरीजों को बाद में चेन्नई के शासकीय स्टेनली मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया. जहां उनका उपचार जारी है.