स्मृति शेष: सुप्रसिद्ध शायर बशीर बद्र की याद में हुआ काव्य -संध्या का आयोजन
रायपुर, 28 जून 2026। साहित्यिक संस्था नवरंग काव्य मंच ने 27 जून को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में देश के सुप्रसिद्ध शायर स्वर्गीय बशीर बद्र की याद में 'मुसाफ़िर हो तुम भी मुसाफ़िर हैं हम भी' शीर्षक से काव्य संध्या का आयोजन किया. सिविल लाइन स्थित वृन्दावन सभागार में यह कार्यक्रम सम्पन्न हुआ. इसमें स्थानीय कवि राजेश जैन 'राही' ने डॉ. बशीर बद्र की प्रसिद्ध ग़ज़लों के माध्यम से मंच कुशल संचालन किया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि शासकीय विज्ञान महाविद्यालय रायपुर के मानव विज्ञान विभाग की अध्यक्ष डॉ.श्वेता चौबे थीं। वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. माणिक विश्वकर्मा 'नवरंग' ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। महासमुंद के शायर अशोक शर्मा और रायपुर के एम. राजीव (युवा) तथा अजीत जैन विशेष अतिथि थे।डॉ. सीमा श्रीवास्तव ने डॉ. बशीर बद्र की जीवनी एवं उनके साहित्यिक अवदान का संक्षिप्त विवरण प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के दौरान डॉ.नवरंग एवं अशोक शर्मा ने डॉ. बशीर बद्र के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर सारगर्भित प्रकाश डाला।
उपस्थित रचनाकारों में आर. डी. अहिरवार, सुरेश तिवारी, सुरेंद्र रावल, नर्मदा प्रसाद विश्वकर्मा 'तृण', छबिलाल सोनी, कोमल प्रसाद राठौर, शिव शंकर गुप्ता, राजेंद्र ओझा, मन्नू लाल यदु, आरव शुक्ला, हर्ष व्यास, ईशान शर्मा, भागीरथ वर्मा 'मज़दूर', सुषमा पटेल, डॉ. मृणालिका ओझा, गोपाल सोलंकी, शशांक खरे और यशवंत यदु ने भी काव्य पाठ किया।
ज्ञातव्य है कि 15 फरवरी 1935 को फ़ैजाबाद जन्मे भारत के लोकप्रिय शायर डॉ. बशीर बद्र का 28 मई 2026 को उनके गृहनगर भोपाल में निधन हो गया था. उनकी स्मृति में रायपुर (छत्तीसगढ़ ) में आयोजित काव्य -संध्या कार्यक्रम के अंत में नवरंग काव्य मंच के संस्थापक राजेश जैन 'राही ' ने आमंत्रित अतिथियों एवं रचनाकारों के प्रति आभार व्यक्त किया।