• IPS महेश दीक्षित बने IB के नए चीफ, सरकार ने सौंपी देश की सुरक्षा की बड़ी जिम्मेदारी

    दक्षिण से लेकर कश्मीर तक, आतंकियों के लिए काल है ये अधिकारी, सरकार ने दी अब ये बड़ी जिम्मेदारी.

    नई दिल्ली, 27 जून 2026। केंद्र सरकार ने वरिष्ठ आईपीएस (IPS) अधिकारी महेश दीक्षित को देश की प्रमुख आंतरिक खुफिया एजेंसी इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) का नया चीफ (निदेशक/महानिदेशक) नियुक्त किया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (ACC) ने उनके नाम को मंजूरी दे दी है। वह वर्तमान प्रमुख तपन कुमार डेका की सेवानिवृत्ति के बाद 30 जून 2026 को अपना नया कार्यभार संभालेंगे।
     
    *महेश दीक्षित का नया कार्यभार* 
     
    केंद्र सरकार ने वरिष्ठ IPS अधिकारी महेश दीक्षित को इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) का नया डायरेक्टर नियुक्त किया है। महेश दीक्षित एक अनुभवी अधिकारी हैं, जो देश की आंतरिक सुरक्षा को बेहतर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके हैं। आतंकियों के लिए वे एक चुनौती बनकर उभरे हैं, खासकर अनुच्छेद 370 के बाद जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्थाओं को मजबूत करने में उनके योगदान को सराहा गया है।
     
    स्पेशल डायरेक्टर से बनेंगे आईबी चीफ
     
    महेश दीक्षित, जो कि 1993 बैच के IPS अधिकारी हैं, आंध्र प्रदेश के वर्तमान कैडर से जुड़े हुए हैं। उन्होंने मेडिकल क्षेत्र में अपनी शिक्षा पूरी की, और फिर इंटेलिजेंस विभाग में काम करना शुरू किया। उनका कैरियर एक केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर बिताया गया है, जिसमें उन्होंने धीरे-धीरे संगठन में उच्च पदों पर पहुँचकर महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।
     
    महत्वपूर्ण भूमिका का क्षण
     
    उनका कैरियर का अहम मोड़ अगस्त 2019 में आया, जब जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाया गया। दीक्षित ने इस ऐतिहासिक निर्णय के सुरक्षा पहलुओं का आकलन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके तहत, उन्होंने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विभिन्न रणनीतियों को भी विकसित किया। अनुच्छेद 370 हटने के बाद जम्मू-कश्मीर को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित किया गया और इस समय उन्हें खुफिया जानकारियों की जिम्मेदारी सौंपी गई। फिलहाल वे आईबी में स्पेशल डायरेक्टर और एजेंसी के दूसरे वरिष्ठ अधिकारी थे।
     
    जम्मू-कश्मीर में बढ़ती राजनयिक गतिविधियाँ
     
    2023 में श्रीनगर में G20 टूरिज्म वर्किंग ग्रुप की बैठक का सफलतापूर्वक आयोजन हुआ। इस बैठक में अनेक देशों ने भाग लिया और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसका ध्यान आकर्षित किया। यह कार्यक्रम जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थितियों में सुधार का एक बड़ा प्रमाण माना जाता है। विदेशी राजनयिकों के कश्मीर आने से क्षेत्र की अंतरराष्ट्रीय पहचान बढ़ी, और महेश दीक्षित ने जमीनी हालात का सही आकलन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनकी कोशिशों से सुरक्षा के साथ-साथ राजनयिक गतिविधियाँ भी बढ़ीं।
     
    सेवा विस्तार की स्वीकृति
     
    महेश दीक्षित की नियुक्ति को कैबिनेट की नियुक्ति समिति (ACC) ने मंजूरी दी है। उन्होंने IB में स्पेशल डायरेक्टर के पद पर कार्य किया, और अब उन्हें IB का डायरेक्टर बनाने के लिए सेवा विस्तार दिया गया है। उनके पास खुफिया जानकारी इकट्ठा करने, आतंकवाद से लड़ने और भारत की सुरक्षा को संभालने का व्यापक अनुभव है।