बस्तर तिरंगा यात्रा के तीसरे दिन बीजापुर में शहीदों को नमन
बीजापुर, 14 अगस्त 2026। आजादी के पर्व से पहले बस्तर की धरती राष्ट्रभक्ति और तिरंगे के रंग में रंगी नजर आई। बस्तर तिरंगा यात्रा के तीसरे दिन वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप ने बीजापुर में मातृभूमि की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को नमन करते हुए कहा कि शहीदों का त्याग और तिरंगे का सम्मान हमें राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों का निरंतर स्मरण कराता है।
यात्रा के तीसरे दिन सांस्कृतिक भवन मैदान बीजापुर से बाइक रैली निकाली गई। टी-पॉइंट शहीद द्वार पर अमर शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई। ग्राम मुरकीनार में ‘एक पेड़ शहीद के नाम’ के तहत वृक्षारोपण एवं शहीद परिवारों से आत्मीय मुलाकात की गई। आवापल्ली में पुष्पांजलि और जनचर्चा, उसूर में शहीद परिवारों व स्थानीय जनता से संवाद, ग्राम नंबी में स्थानीय कार्यकर्ताओं के साथ सहभोज तथा ताड़पाला बेस कैंप का अवलोकन किया गया।
मुरकीनार में वर्ष 2006 के कैंप हमले में सर्वोच्च बलिदान देने वाले 11 अमर शहीदों को याद करते हुए मंत्री कश्यप ने कहा कि बस्तर की शांति के लिए हमारे जवानों ने अपने प्राणों की आहुति दी है। उनके बलिदान को केवल स्मरण करना ही नहीं, बल्कि उनके परिवारों के साथ खड़े रहना भी हमारा दायित्व है। “हमारे शहीदों का परिवार, हमारा अपना परिवार है। उनका सम्मान और उनके प्रति कृतज्ञता सदैव हमारी प्राथमिकता रहेगी।”
यात्रा के दौरान कश्यप छत्तीसगढ़ पुलिस के ‘साइबर जागृति अभियान’ से भी जुड़े और लोगों से साइबर अपराधों के प्रति सजग रहने का आह्वान किया। उन्होंने साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करने की अपील की।आज बस्तर के गांवों में गर्व से लहराता तिरंगा इसी परिवर्तन का प्रतीक है।