दुर्ग में रातभर चला हंगामा: अतिथि शिक्षकों का धरना स्थल उखाड़ा, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा
दुर्ग, 23 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे अतिथि शिक्षकों के खिलाफ प्रशासन ने देर रात बड़ी कार्रवाई की है। जिला मुख्यालय के सामने धरना दे रहे प्रदर्शनकारियों के टेंट को पुलिस और नगर निगम की टीम ने उखाड़ फेंका। इसके साथ ही रात के अंधेरे में पुलिस बल का प्रयोग कर प्रदर्शनकारियों को धरना स्थल से खदेड़ दिया गया, जिससे मौके पर भारी हंगामा और तनाव की स्थिति बन गई।
मांगों को लेकर डटे थे शिक्षक
विगत कई दिनों से नियमितीकरण और सेवा सुरक्षा की मांग को लेकर अतिथि शिक्षक शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सरकार उनकी जायज मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है, जिसके कारण वे सड़क पर उतरने को मजबूर हुए। धरना स्थल पर महिला शिक्षक और छोटे बच्चे भी मौजूद थे, जो रात के समय वहां सो रहे थे।
आधी रात को अचानक कार्रवाई
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, देर रात अचानक भारी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। बिना किसी पूर्व चेतावनी के नगर निगम के अमले ने पंडाल को उखाड़ना शुरू कर दिया। जब शिक्षकों ने इसका विरोध किया, तो पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए उन्हें जबरन गाड़ियों में बिठाया और वहां से हटा दिया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस और झूमाझटकी भी हुई।
शिक्षकों में आक्रोश, विपक्ष हमलावर
इस कार्रवाई के बाद अतिथि शिक्षकों में भारी आक्रोश है। शिक्षक संघ के नेताओं ने इसे लोकतंत्र की हत्या और शांतिपूर्ण आंदोलन का दमन बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन ने आधी रात को महिलाओं और बच्चों के साथ संवेदनहीन व्यवहार किया। इधर, विपक्ष ने भी इस घटना को लेकर सरकार को घेरा है और पुलिसिया कार्रवाई की कड़ी निंदा की है। फिलहाल क्षेत्र में तनाव को देखते हुए धरना स्थल पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।