नायब तहसीलदार- चौकीदार को 5-5 साल की सजा, 5 साल पहले मिट्टी से भरे ट्रैक्टर छोड़ने के बदले 35 हजार रिश्वत मांगी थी!
सिली गांव के ब्रजबिहारी प्रजापति अपने खेत से ईंट बनाने की मिट्टी ट्रैक्टर में भरकर ले जा रहे थे। तभी प्रभारी तहसीलदार रविशंकर शुक्ला ने उनका ट्रैक्टर रोककर उसे जब्त कर लिया और थाने में खड़ा करवा दिया। इसके बाद ट्रैक्टर छोड़ने के बदले तहसीलदार ने ब्रजबिहारी से 35,000 रुपये की घूस मांगी।
पन्ना, 20 जून 2026। गुनौर में तैनात रहे पूव नायब तहसीलदार रविशंकर शुक्ला जो हरदुआ मोहल्ला नागौद निवासी रमाशंकर शुक्ल बाबा के पुत्र है। उनके चौकीदार देवीदयाल दहायत को कोर्ट ने भ्रष्टाचार के मामले में 5-5 साल की सजा सुनाई है। शुक्रवार 19 जून को विशेष अदालत ने इन दोनों पर जुर्माना भी लगाया है।
यह पूरा मामला एक जब्त ट्रैक्टर को छोड़ने के बदले घूस मांगने का है। मिट्टी ले जा रहे ट्रैक्टर को रोककर मांगी थी घूस। सरकारी वकील मानवेन्द्र सिंह ने बताया कि यह बात साल 2020 की है। सिली गांव के ब्रजबिहारी प्रजापति अपने खेत से ईंट बनाने की मिट्टी ट्रैक्टर में भरकर ले जा रहे थे। तभी प्रभारी तहसीलदार रविशंकर शुक्ला ने उनका ट्रैक्टर रोककर उसे जब्त कर लिया और थाने में खड़ा करवा दिया। इसके बाद ट्रैक्टर छोड़ने के बदले तहसीलदार ने ब्रजबिहारी से 35,000 रुपये की घूस मांगी। लेकिन ब्रजबिहारी घूस देने के मूड में नहीं थे और वे इस भ्रष्ट अधिकारी को सबक सिखाना चाहते थे। पीड़ित ने इसकी शिकायत तुरंत सागर लोकायुक्त पुलिस से कर दी। लोकायुक्त पुलिस में घूस लेते उन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।