रात 2:00 बजे तक चली सीएम हाउस में मीटिंग, सियासी हलचलों पर बाहर निकलकर विजय शर्मा बोले..
गुरुवार रात 8.30 बजे अचानक मुख्यमंत्री ने मंत्रियों की बैठक बुलाई। इसकी सूचना बाहर निकलते ही सियासी हलचलें तेज हो गईं। 5 घंटे चली मैराथन बैठक के बाद बाहर निकल कर विजय शर्मा ने मीडिया से बात की और बोले..
रायपुर, 19 जून 2026। मुख्यमंत्री निवास में गुरुवार देर रात तक सत्ता और संगठन की मैराथन बैठक चली। जैसे ही कल रात 8:30 बजे मुख्यमंत्री ने अचानक सीएम हाउस में सभी मंत्रियों की बिना कोई एजेंडा की जानकारी दिए बैठक बुलाई। राज्य का सियासी पारा गरम हो गया। अटकलों का दौर चालू हो गया। मीडिया में मंत्रिमंडल में फेरबदल की चर्चा प्रारंभ हो गई। 5 घंटे की मैराथन बैठक के बाद रात 2:00 बजे बाहर निकलकर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने इस पर विराम लगाया। उन्होंने बताया कि सत्ता और संगठन की समन्वय बैठक मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय की उपस्थिति में संपन्न हुई। फेरबदल की चर्चा के सवालों पर विजय शर्मा ने बोला यह माननीय मुख्यमंत्री का विषय है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निवास में बुधवार देर रात तक मंत्रियों की अहम बैठक चली। करीब 5 घंटे चली यह बैठक रात 2 बजे के बाद खत्म हुई। बैठक के बाद बाहर निकले मंत्रियों ने इसे रूटीन बताया और राजनीतिक अटकलों को खारिज किया। डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने बताया कि यह हर 3 महीने में होने वाली रूटिंग बैठक थी कब से लंबित थी। प्रभारी जिलों में मंत्रियों के प्रवास, लोगों से मुलाकात और विकास कार्यों को गति देने के लिए यह अहम बैठक बुलाई गई थी।
सूत्र बताते हैं कि क्षेत्र में लंबे समय से मंत्रियों की व्यवहार को लेकर शिकायतें मिल रही थी। बुधवार को दिन में संगठन की बैठक में क्षेत्रीय संगठन मंत्री अजय जामवाल और प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय के समक्ष यह मुद्दा जोर शोर से उठा था। संगठन के पदाधिकारी ने बताया कि मंत्री कार्यकर्ताओं का फोन नहीं उठाते हैं और सिफारिश पर काम करते नहीं हैं। अक्सर सुनने में आता है कि प्रदेश के मंत्री निजी हितों को ध्यान में रखकर ही काम करते हैं। कई मंत्री आम जनता को तो छोड़िए पार्टी के पदाधिकारी से भी सीधे मुंह बात नहीं करते हैं। जिलों में स्थानीय कार्यकर्ता नाराज हैं। इसको लेकर संगठन में गहरी नाराजगी थी। यह भी खबर मिली है कि बैठक में मंत्रियों से रिपोर्ट कार्ड भी पूछे गए। सख्त हिदायत दी गई है कि जनता के लिए सहजता से उपलब्ध रहें और उन्हें सुने।