चला गया एक और समाजवादी पुरोधा! हैदराबाद में भी उनकी स्मृति में शोक सभा
समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की खास रिपोर्ट:-
हैदराबाद, 18 अगस्त 2026. समाजवादी विचारधारा के एक और सच्चे सिपाही हमें छोड़ कर चले गए. वरिष्ठ समाजवादी साथी श्याम गंभीर हमारे बीच नहीं रहे. वे देश के एक वरिष्ठ समाजवादी नेता, विचारक और सामाजिक- राजनीतिक कार्यकर्ता थे. श्याम गंभीर लंबे समय से सोशलिस्ट पार्टी (इंडिया) से जुड़े रहे और पार्टी में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व महासचिव जैसे पदों पर कार्यरत रहे. उनका संबंध लोहियावादी और समाजवादी विचारधारा से रहा. वे दिल्ली विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर और एक मजबूत समाजवादी हस्ती के रूप में जाने जाते रहे.
वह देश में समतामूलक समाज निर्माण और गैर बराबरी को खत्म करने की राजनीति का समर्थन करते रहे. श्याम गंभीर विभिन्न नागरिक मंचों, शांति यात्राओं और जन संवाद कार्यक्रमों में भाग लेते रहे एवं रेलवे के निजीकरण जैसे मुद्दों के खिलाफ धरने प्रदर्शनों में भी अग्रणी रहे. उनको दिल्ली के सोशलिस्ट साथियों ने जब दिल्ली नगर निगम बोध घाट पर अंतिम विदाई दे रहे थे, तो सभी साथी तकलीफ के साथ जुड़ी हुई अपनी यादों को एक दूसरों को सुना रहे थे.
हैदराबाद में भी शोक सभा का आयोजन
प्रखर समाजवादी नेता और सामाजिक कार्यकर्ता श्याम गंभीर का पिछले दिनों निधन हो गया. उनके संस्मरण और श्रद्धांजलि स्वरुप 17 अगस्त सोमवार शाम को हैदराबाद स्थित सोशलिस्ट पार्टी( इंडिया) प्रदेश कार्यालय भगलिंगमपल्ली में एक शोक सभा का आयोजन किया गया. इस दौरान उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए लोहिया विचार मंच, हैदराबाद के अध्यक्ष तथा सेवानिवृत्त न्यायाधीश टी. गोपाल सिंह ने कहा कि श्याम गंभीर समाजवादी विचारधारा के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध और संघर्षशील नेता थे. उन्होंने अपना पूरा जीवन समाज के कमजोर वर्गों के अधिकारों और न्याय के लिए समर्पित कर दिया. टी. गोपाल सिंह ने उन्हें याद करते हुए कहा कि उनकी सादगी और संगठन के प्रति निष्ठा ने उन्हें राजनीतिक और सामाजिक हलकों में एक विशिष्ट पहचान दिलाई.
हैदराबाद में आयोजित शोक सभा में उन्हें याद करते हुए डॉ. राम मनोहर लोहिया रिसर्च फाऊंडेशन, नई दिल्ली के अध्यक्ष अभिषेक रंजन सिंह, जैविक खेती अभियान एवं ऑर्गेनिक कृषि आंदोलन के अध्यक्ष क्रांति प्रकाश, सोशलिस्ट पार्टी इंडिया के तेलंगाना प्रदेश अध्यक्ष गोपाल पतंगे समेत अनेक सोशलिस्ट नेता और कार्यकर्ताओं ने दिवंगत नेता श्याम गंभीर को श्रद्धांजलि देते हुए उन्हें याद किया और कहा, श्याम गंभीर एक बेखौफ लड़ाकू साथी थे. ताउम्र उन्होंने समाजवादी विचार दर्शन के प्रचार प्रसार में लगाई, उनके संघर्षों का लंबाई इतिहास है एवं उनके जाने से समाजवादी बिरादरी ने सचमुच में एक ऐसा साथी खोया है जिसकी पूर्ति शायद ही हो. गौरतलब है कि श्याम गंभीर का बीते 12 अगस्त की रात निधन हो गया था. उनके निधन की खबर से समाजवादी विचारधारा से जुड़े लोगों और उनके साथियों में शोक की लहर है.