एक दशक पूरा होने पर विंध्याचल ब्राह्मण सेवा संघ का कजिलिया मिलन एवं गौरव सम्मान समारोह संपन्न
समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की खास रिपोर्ट:
हैदराबाद, 1 सितंबर 2026. यहां के बेगम बाजार स्थित संतोषी माता मंदिर परिसर में विंध्याचल ब्राह्मण सेवा संघ के तत्वावधान में आयोजित कजिलिया मिलन समारोह एवं एक दशक पूरा होने पर विंध्याचल गौरव सम्मान समारोह का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया गया. इस मौके पर बघेली लोकगीत कजरी खुजलैया मिलन कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया. इस दौरान संघ के अध्यक्ष पंडित सुनील कुमार पाण्डेय द्वारा भाग्यनगर में विंध्य क्षेत्र से यहां अलग-अलग इलाकों में श्रीमद् भागवत कथा, शिव पुराण - राम कथा एवं रानी सती मंगल पाठ आचार्यत्व ज्योतिष वास्तु शास्त्र व्यवसाय और उच्च शिक्षा, डॉ. व सीए के लिए 30 सदस्यों को विंध्याचल ब्राह्मण गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया.
सम्मानित होने वालों में कमलेश त्रिपाठी (स्वामी जी), रामपाल पाण्डेय, वैदिक ग्लोबल ट्रस्ट प्रमुख नरेंद्र चतुर्वेदी, महंत संतोष पाठक, शशि नारायण द्विवेदी, पुष्पेंद्र शुक्ला शास्त्री, ज्योति आचार्य कमलेश त्रिपाठी, डॉ. अभिषेक द्विवेदी, कृष्ण द्विवेदी, सीए प्रियांशु तिवारी, राकेश शुक्ला, सागर कृष्ण शास्त्री, भगवताचार्य शिरोमणि शास्त्री, सुरेंद्र गौतम, आदित्य नारायण मिश्रा, बसंत मिश्रा, गोपाल कृष्ण शास्त्री, गजेंद्र शुक्ला, सुखेंद्र पाण्डेय, आचार्य सत्य प्रकाश तिवारी, आनंद प्रवीण द्विवेदी, कौशलेंद्र तिवारी, शास्त्री सौरव पाण्डेय, योगेश पाण्डेय, वायलन वादक रूपेश पाण्डेय, श्रीकांत विपिन द्विवेदी, धनेंद्र गौतम (बिट्टू ), प्रमुख गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे.
आयोजित कार्यक्रम में पंडित सुनील कुमार पाण्डेय दोनों उपाध्यक्ष अवधेश द्विवेदी, राम शिरोमणि तिवारी, कोषाध्यक्ष व प्रवक्ता प्रदीप कुमार पाण्डेय, बृजेश शुक्ला, महंत चेतन गिरी, विशोक तिवारी, शिवकुमार तिवारी, उमाशंकर पाण्डेय, विष्णु दत्त पाण्डेय, अनिल कुमार पाण्डेय, वीरेंद्र पाण्डेय, बांके बिहारी मिश्रा, शिवनारायण त्रिपाठी, नीरज शुक्ला, अजय शुक्ला, भूपेंद्र गौतम, दीप नारायण गौतम, सुशील पाण्डेय, प्रकाश गर्ग, राजेश तिवारी, कुबेर द्विवेदी, सूरज शुक्ला, धीरज त्रिपाठी, रामदुलारे तिवारी, सचिन तिवारी, हरिनारायण तिवारी, संजय महाराज, उमेश पाण्डेय, विकास पाण्डेय, दिनेश सोलंकी समेत भारी संख्या में गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे.